टैरो कार्ड रीडिंग का मतलब है किसी एक सवाल के लिए कुछ चित्र वाले कार्ड बिछाना और देखना कि हर कार्ड उस सवाल के बारे में क्या कहता है। कार्ड आपका भविष्य तय नहीं करते। वे सोचने के लिए तस्वीरें देते हैं: मुँह मोड़कर जाता कोई व्यक्ति, छलकता हुआ प्याला, बिजली गिरने से टूटती मीनार। अच्छी रीडिंग इन तस्वीरों की मदद से आपकी स्थिति को साफ़ दिखाती है, ताकि बाद में जो फ़ैसला आप लें, वह आपका अपना हो और ज़्यादा सोच-समझकर लिया गया हो।
इस लेख में है कि कार्ड कहाँ से आए, डेक में क्या-क्या होता है, रीडिंग में क्या होता है, टैरो क्या बता सकता है और क्या नहीं, और एक सधे हुए रीडर को ऐसे रीडर से कैसे अलग पहचानें जिससे दूर रहना बेहतर है।
टैरो कहाँ से आया
टैरो की शुरुआत ताश की तरह एक खेल से हुई। 1400 के दशक में उत्तरी इटली के रईस परिवार तारोक्की नाम का खेल खेलते थे, जिसमें सामान्य ताश के साथ चित्र वाले कुछ अतिरिक्त कार्ड तुरुप के रूप में जोड़े जाते थे। यही कार्ड आगे चलकर आज का मेजर आर्काना बने।
कार्डों से अर्थ पढ़ने का चलन बहुत बाद में, 1700 के दशक के आख़िर में फ़्रांस में शुरू हुआ। आज ज़्यादातर रीडर जो डेक इस्तेमाल करते हैं, और यह साइट भी जिसे मानती है, वह राइडर-वेट-स्मिथ डेक है, जो 1909 में लंदन से छपा। इसके चित्र कलाकार पामेला कोलमन स्मिथ ने लेखक ए. ई. वेट के साथ मिलकर बनाए। स्मिथ ने केवल तुरुप वाले कार्डों में ही नहीं, हर कार्ड में एक दृश्य बनाया। इसीलिए नया सीखने वाला भी थ्री ऑफ़ स्वॉर्ड्स या टेन ऑफ़ कप्स को सिर्फ़ देखकर कुछ-कुछ समझ लेता है।
टैरो भारतीय परंपरा का हिस्सा नहीं है, और न ही ज्योतिष का। यह कुंडली और अंक ज्योतिष के साथ एक अलग औज़ार के रूप में रखा जा सकता है।
डेक: 78 कार्ड
| डेक का भाग | कार्ड | आम तौर पर किस बारे में बताता है |
|---|---|---|
| मेजर आर्काना | 22, अंक 0 से 21 | जीवन के बड़े मोड़: नई शुरुआत, परीक्षा, किसी अध्याय का अंत, रास्ता बदल देने वाला फ़ैसला |
| वैंड्स (अग्नि) | 14 | जोश, महत्वाकांक्षा, नए विचार, कुछ कर गुज़रने की ऊर्जा |
| कप्स (जल) | 14 | भावनाएँ, प्रेम, दोस्ती, परिवार के रिश्ते |
| स्वॉर्ड्स (वायु) | 14 | विचार, फ़ैसले, बहस, कड़वा सच |
| पेंटाकल्स (पृथ्वी) | 14 | काम, पैसा, घर, सेहत और शरीर, धीरे-धीरे बना हुनर |
हर सूट ऐस से टेन तक चलता है, फिर चार कोर्ट कार्ड आते हैं: पेज, नाइट, क्वीन और किंग। कोर्ट कार्ड अक्सर किसी घटना से ज़्यादा किसी व्यक्ति या किसी तरह के व्यवहार की बात करते हैं।
राइडर-वेट-स्मिथ क्रम में स्ट्रेंथ का अंक 8 और जस्टिस का 11 है। पुराने मार्सेई शैली के डेकों में ये दोनों उलटे हैं, इसलिए किसी दूसरी किताब में अलग क्रम दिखे तो हैरान न हों।
रीडिंग में क्या होता है
- आप एक सवाल लेकर आते हैं। “इस नौकरी के प्रस्ताव के बारे में मुझे क्या समझना चाहिए?” जैसा सवाल “मेरी ज़िंदगी के बारे में बताइए” से कहीं ज़्यादा काम का है। सवाल पूछने की गाइड में 25 उदाहरण हैं।
- कार्ड फेंटे जाते हैं। रीडर कार्ड फेंटता है और आप दोनों सवाल को ध्यान में रखते हैं। कुछ रीडर आपसे डेक काटने या “रुकिए” कहने को कहते हैं।
- कार्ड एक स्प्रेड में बिछाए जाते हैं। लेआउट की हर जगह का एक मतलब होता है, जैसे बीता हुआ समय, अभी की स्थिति या सलाह। एक कार्ड झलक देता है, तीन कार्ड एक छोटी कहानी कहते हैं। आम लेआउट स्प्रेड गाइड में समझाए गए हैं।
- हर कार्ड उसकी जगह के हिसाब से पढ़ा जाता है। एक ही कार्ड “रुकावट” की जगह पर कुछ और कहता है और “सलाह” की जगह पर कुछ और। उल्टा निकला कार्ड उल्टे अर्थ में भी पढ़ा जा सकता है, जिसके बारे में उल्टे कार्डों वाला लेख है।
- कार्ड मिलाकर पढ़े जाते हैं। एक स्प्रेड में तीन कप्स कार्ड हों तो सवाल के बीच में भावनाएँ हैं। कई मेजर आर्काना कार्ड हों तो मामला जितना दिखता है उससे बड़ा मोड़ है।
- आप बात करते हैं। अच्छा रीडर आपसे भी पूछता है: क्या यह आपकी स्थिति से मेल खाता है, यह तस्वीर आपके मन में क्या जगाती है? रीडिंग एक बातचीत है, भाषण नहीं।
वीडियो कॉल वाली रीडिंग में रीडर कार्ड कैमरे के सामने बिछाता है, ताकि हर कार्ड पलटते समय आप उसे देख सकें।
अनजान कार्ड को कैसे पढ़ें
किसी किताब में अर्थ देखने से पहले तस्वीर देखिए। उसमें कौन है? वह क्या कर रहा है? माहौल शांत है या तूफ़ानी? द फ़ूल पर एक युवक चट्टान के किनारे खड़ा है, हाथ में छोटी-सी पोटली, पैरों के पास सफ़ेद कुत्ता, और उसकी नज़र नीचे नहीं, आसमान की ओर है। बिना किताब के भी समझ आता है कि यह योजना से ज़्यादा भरोसे के साथ कुछ नया शुरू करने की तस्वीर है।
फिर अंक और सूट जोड़िए। ऐस शुरुआत है, फ़ाइव अक्सर संघर्ष या नुक़सान, टेन किसी चक्र का पूरा होना। ऐस ऑफ़ कप्स में बादल से निकला एक हाथ प्याला थामे है, जो छलककर नीचे तालाब में गिर रहा है: ऐस, यानी शुरुआत, और कप्स, यानी भावना। एक नई भावना, जो खुले दिल से दी जा रही है।
आख़िर में इसे व्यक्ति से जोड़िए। एट ऑफ़ पेंटाकल्स, यानी अपने काम पर झुका कारीगर, परीक्षा की तैयारी कर रहे विद्यार्थी के लिए एक बात कहता है और बीस साल से एक ही दुकान चला रहे व्यापारी के लिए दूसरी।
टैरो क्या कर सकता है और क्या नहीं
| रीडिंग यह कर सकती है | रीडिंग यह नहीं कर सकती |
|---|---|
| उलझी हुई भावना को शब्द देने में मदद | किसी नतीजे या तारीख़ का वादा |
| वे विकल्प दिखाना जो आपने सोचे नहीं थे | यह बताना कि दूसरा व्यक्ति मन में क्या सोच रहा है |
| वह ढर्रा दिखाना जो आप बार-बार दोहराते हैं | आपकी जगह फ़ैसला लेना |
| एक सवाल पर शांति से सोचने का समय | डॉक्टर, वकील या वित्तीय सलाहकार की जगह लेना |
सेहत से जुड़ा कार्ड डॉक्टर से मिलने की वजह है, निदान कभी नहीं। पैसे से जुड़ा कार्ड किसी जानकार के साथ अपनी योजना देखने की वजह है। समय वाले सवाल, जैसे शादी या नौकरी में बदलाव कब होने की संभावना है, कुंडली के लिए ज़्यादा ठीक हैं, क्योंकि वह ग्रहों की दशा के साथ काम करती है। विवाह भविष्यवाणी कैलकुलेटर इसका एक उदाहरण है।
रीडर कैसे चुनें
एक सधा हुआ रीडर:
- बताता है कि वह कैसे पढ़ता है, और इस बारे में आपके सवालों का खुलकर जवाब देता है;
- बताता है कि कार्ड किस ओर इशारा कर सकता है, और यह भी कि वह क्या नहीं दिखा सकता;
- फ़ैसला आपको लौटा देता है, डर के मारे फ़ैसला लेने का दबाव नहीं डालता;
- आपको किसी भी समय रीडिंग रोकने देता है।
ऐसे व्यक्ति से सावधान रहें जो:
- कहे कि आप पर श्राप है या किसी ने “काला जादू” किया है;
- कहे कि कार्ड में दिखी समस्या केवल उसी से करवाई गई किसी महँगी विधि से दूर होगी;
- मौत, बीमारी या तलाक़ की बात ऐसे करे मानो वह पक्का होना हो;
- एक ही सवाल के लिए आपको बार-बार बुलाए।
अगर रीडिंग के बाद आप पहले से ज़्यादा डरे या उलझे हुए हैं, तो थोड़ा रुकें और किसी भरोसेमंद व्यक्ति से बात करें। जिन कार्डों से लोग सबसे ज़्यादा डरते हैं, जैसे डेथ और द टावर, उनके बारे में टैरो के भ्रम वाले लेख में लिखा है।
अगर आप सीखना चाहते हैं
इसके लिए किसी ख़ास शक्ति की ज़रूरत नहीं। टैरो सीखना कोई भाषा सीखने जैसा है: प्रतीक, अंक और जगहें, फिर अभ्यास। ज़्यादातर लोगों के लिए चार हफ़्ते की यह शुरुआत ठीक रहती है:
- पहला हफ़्ता: मेजर आर्काना में द फ़ूल से व्हील ऑफ़ फ़ॉर्च्यून तक (0 से 10)। हर सुबह एक कार्ड देखें और उस पर एक पंक्ति लिखें।
- दूसरा हफ़्ता: बाक़ी मेजर आर्काना (11 से 21)।
- तीसरा हफ़्ता: दो सूटों के ऐस से टेन तक, यह देखते हुए कि हर अंक दोनों सूटों में क्या करता है।
- चौथा हफ़्ता: बाक़ी दो सूट और कोर्ट कार्ड, फिर तीन कार्ड वाले पहले स्प्रेड।
टैरो हब पर आज का कार्ड हर तारीख़ के लिए एक कार्ड निकालता है, जिससे रोज़ की आदत बनाए रखना आसान होता है।
नमिता के साथ रीडिंग
नमिता मोदी टैरो रीडिंग वीडियो कॉल पर देती हैं, बुकिंग WhatsApp पर होती है, और आप भारत में कहीं भी हों, रीडिंग ले सकते हैं। सवाल आप लाते हैं; वे कार्ड ऐसे बिछाती हैं कि आप उन्हें देख सकें, और हर कार्ड आपको समझाती हैं। अगर सवाल को एक से ज़्यादा नज़रिए की ज़रूरत हो, तो टैरो उनके अंक ज्योतिष और कुंडली के काम के साथ भी चल सकता है। सेशन कैसे होता है, यह टैरो कार्ड रीडिंग पेज पर है।
टैरो कार्ड रीडिंग के बारे में सवाल
क्या रीडिंग से फ़ायदा पाने के लिए टैरो पर विश्वास ज़रूरी है?
नहीं। ज़्यादातर लोग विश्वास लेकर नहीं, एक उलझा हुआ सवाल लेकर आते हैं। कार्ड बात करने के लिए तस्वीरें देते हैं, और उन पर बात करते हुए अक्सर वह सामने आ जाता है जो आप मन ही मन पहले से जानते थे। आगे क्या करना है, यह फ़ैसला आपका ही रहता है।
टैरो डेक में कितने कार्ड होते हैं?
78: मेजर आर्काना के 22 कार्ड और माइनर आर्काना के 56 कार्ड, जो 14-14 कार्डों के चार सूटों (वैंड्स, कप्स, स्वॉर्ड्स और पेंटाकल्स) में बँटे हैं। इस साइट पर अर्थ राइडर-वेट-स्मिथ डेक के अनुसार दिए गए हैं। सभी 78 कार्ड टैरो हब पर हैं।
क्या टैरो भविष्य बताने जैसा ही है?
जिस तरह यहाँ पढ़ा जाता है, उस तरह नहीं। भविष्य बताने वाला दावा करता है कि आगे जो होगा वह तय है। टैरो रीडिंग आपकी मौजूदा स्थिति, उससे जुड़ी भावनाओं और इस बात को देखती है कि कुछ न बदला तो बात किस ओर जा रही है। चुनाव आपके हाथ में रहता है।
क्या टैरो भारतीय ज्योतिष का हिस्सा है?
नहीं। टैरो यूरोप से आया है, जबकि कुंडली, अंक ज्योतिष और वास्तु भारतीय परंपरा के हैं। ये अलग-अलग तरह के सवालों के काम आते हैं। कौन-सा किस सवाल के लिए ठीक है, यह तुलना वाले लेख में है।
क्या मैं खुद कार्ड पढ़ना सीख सकता हूँ?
हाँ। पहले मेजर आर्काना के 22 कार्ड सीखें, फिर एक-एक सूट। रोज़ एक कार्ड निकालें और डायरी में एक पंक्ति लिखें कि उस दिन उसका आपके लिए क्या मतलब निकला। अभ्यास के लिए आसान लेआउट स्प्रेड गाइड में हैं।
वीडियो कॉल पर रीडिंग कैसे होती है?
कॉल पर आप अपना सवाल बताते हैं, रीडर कैमरे के सामने कार्ड फेंटकर बिछाता है ताकि आप हर कार्ड देख सकें, और फिर एक-एक कार्ड समझाता है। बीच में आप कभी भी सवाल पूछ सकते हैं। नमिता मोदी टैरो रीडिंग इसी तरह, वीडियो कॉल पर देती हैं, और बुकिंग WhatsApp पर होती है।