सीधे सामग्री पर जाएँ

15+ वर्षों का अनुभव · अंक ज्योतिष, कुंडली और वास्तु · सातों दिन खुला

कॉल या WhatsApp करें +91 70573 19073

Namieta ModiGlow On Numerology

Popular calculators

Quick links

बंगाली कैलेंडर · सौर

बंगाली कैलेंडर नवंबर 2027

बंगाली कैलेंडर, जिसे बंगाब्द कहते हैं, सौर कैलेंडर है। इसका वर्ष अप्रैल के बीच पोइला बैशाख को बैशाख माह से शुरू होता है।

बंगाली कैलेंडर, नवंबर 2027

  • महीने: कार्तिक (কার্তিক) · अग्रहायण (অগ্রহায়ণ)
  • बंगाब्द: 1434
1सोमवारकार्तिक 14
शु तृतीया तक 5:16 pm → शु चतुर्थी
अनुराधा
वृश्चिक
5:41 am · 4:59 pm
2मंगलवार15
शु चतुर्थी तक 6:03 pm → शु पंचमी
ज्येष्ठा
वृश्चिक → धनु 11:08 am
5:41 am · 4:59 pm
3बुधवार16
शु पंचमी तक 7:33 pm → शु षष्ठी
मूल
धनु
5:42 am · 4:58 pm
4गुरुवार17
शु षष्ठी तक 9:39 pm → शु सप्तमी
पूर्वाषाढ़ा
धनु → मकर 10:08 pm
5:42 am · 4:58 pm
5शुक्रवार18
शु सप्तमी तक 12:10 am → शु अष्टमी
उत्तराषाढ़ा
मकर
5:43 am · 4:57 pm
6शनिवार19
शु अष्टमी तक 2:51 am → शु नवमी
श्रवण
मकर
5:43 am · 4:57 pm
7रविवार20
शु नवमी तक 5:25 am → शु दशमी
धनिष्ठा
मकर → कुंभ 11:00 am
5:44 am · 4:56 pm
8सोमवार21
शु दशमी
शतभिषा
कुंभ
5:45 am · 4:56 pm
9मंगलवार22
शु दशमी तक 7:35 am → शु एकादशी
पूर्वा भाद्रपद
कुंभ → मीन 10:58 pm
5:45 am · 4:55 pm
10बुधवार23
शु एकादशी तक 9:12 am → शु द्वादशी
उत्तरा भाद्रपद
मीन
5:46 am · 4:55 pm
एकादशी
11गुरुवार24
शु द्वादशी तक 10:08 am → शु त्रयोदशी
उत्तरा भाद्रपद
मीन
5:46 am · 4:54 pm
12शुक्रवार25
शु त्रयोदशी तक 10:22 am → शु चतुर्दशी
रेवती
मीन → मेष 7:56 am
5:47 am · 4:54 pm
13शनिवार26
शु चतुर्दशी तक 9:56 am → पूर्णिमा
अश्विनी
मेष
5:48 am · 4:54 pm
14रविवार27
पूर्णिमा तक 8:56 am → कृ प्रतिपदा
भरणी
मेष → वृषभ 1:43 pm
5:48 am · 4:53 pm
कार्तिक पूर्णिमापूर्णिमा
15सोमवार28
कृ प्रतिपदा तक 7:29 am → कृ द्वितीया तक 5:42 am → कृ तृतीया
कृत्तिका
वृषभ
5:49 am · 4:53 pm
16मंगलवार29
कृ तृतीया तक 3:43 am → कृ चतुर्थी
रोहिणी
वृषभ → मिथुन 5:23 pm
5:50 am · 4:53 pm
17बुधवार30
कृ चतुर्थी तक 1:36 am → कृ पंचमी
आर्द्रा
मिथुन
5:50 am · 4:52 pm
संक्रांति
18गुरुवारअग्रहायण 1
कृ पंचमी तक 11:28 pm → कृ षष्ठी
पुनर्वसु
मिथुन → कर्क 8:14 pm
5:51 am · 4:52 pm
19शुक्रवार2
कृ षष्ठी तक 9:21 pm → कृ सप्तमी
पुष्य
कर्क
5:51 am · 4:52 pm
20शनिवार3
कृ सप्तमी तक 7:18 pm → कृ अष्टमी
आश्लेषा
कर्क → सिंह 11:08 pm
5:52 am · 4:52 pm
21रविवार4
कृ अष्टमी तक 5:21 pm → कृ नवमी
मघा
सिंह
5:53 am · 4:52 pm
22सोमवार5
कृ नवमी तक 3:29 pm → कृ दशमी
पूर्वा फाल्गुनी
सिंह → कन्या 2:28 am
5:53 am · 4:51 pm
23मंगलवार6
कृ दशमी तक 1:46 pm → कृ एकादशी
उत्तरा फाल्गुनी
कन्या
5:54 am · 4:51 pm
24बुधवार7
कृ एकादशी तक 12:12 pm → कृ द्वादशी
हस्त
कन्या
5:55 am · 4:51 pm
एकादशी
25गुरुवार8
कृ द्वादशी तक 10:52 am → कृ त्रयोदशी
चित्रा
कन्या → तुला 6:34 am
5:55 am · 4:51 pm
26शुक्रवार9
कृ त्रयोदशी तक 9:49 am → कृ चतुर्दशी
स्वाती
तुला
5:56 am · 4:51 pm
27शनिवार10
कृ चतुर्दशी तक 9:08 am → अमावस्या
विशाखा
तुला → वृश्चिक 12:02 pm
5:57 am · 4:51 pm
28रविवार11
अमावस्या तक 8:55 am → शु प्रतिपदा
अनुराधा
वृश्चिक
5:57 am · 4:51 pm
अमावस्या
29सोमवार12
शु प्रतिपदा तक 9:14 am → शु द्वितीया
ज्येष्ठा
वृश्चिक → धनु 7:48 pm
5:58 am · 4:51 pm
30मंगलवार13
शु द्वितीया तक 10:09 am → शु तृतीया
मूल
धनु
5:59 am · 4:51 pm

शु = शुक्ल पक्ष, कृ = कृष्ण पक्ष। तिथि सूर्योदय के समय की है, और अगर अगले सूर्योदय से पहले बदलती है तो उसका समय दिया है। ☆ नक्षत्र, ☾ चंद्र राशि, ☼ सूर्योदय और सूर्यास्त, Kolkata के लिए, IST में।

नवंबर 2027 के ख़ास दिन

तारीखमहीनाक्या है
10 नवंबर, बुधकार्तिक 23शुक्ल पक्ष एकादशी
14 नवंबर, रविकार्तिक 27कार्तिक पूर्णिमा · पूर्णिमा
17 नवंबर, बुधकार्तिक 30वृश्चिक संक्रांति, 2:01 am
24 नवंबर, बुधअग्रहायण 7कृष्ण पक्ष एकादशी
28 नवंबर, रविअग्रहायण 11अमावस्या

बंगाली कैलेंडर कैसे चलता है

पश्चिम बंगाल में नया महीना संक्रांति के अगले दिन से शुरू होता है, यानी सूर्य के नई राशि में जाने के अगले दिन से। इसलिए महीने 29 से 32 दिन के होते हैं। दुर्गा पूजा और काली पूजा जैसे त्योहार तिथि से तय होते हैं।

पोइला बैशाख, यानी बैशाख की पहली तारीख, अप्रैल के बीच सूर्य के मेष राशि में प्रवेश के अगले दिन आता है।

#महीनाBengaliसूर्य की राशि
1बैशाखবৈশাখमेष
2ज्यैष्ठজ্যৈষ্ঠवृषभ
3आषाढ़আষাঢ়मिथुन
4श्रावणশ্রাবণकर्क
5भाद्रভাদ্রसिंह
6आश्विनআশ্বিনकन्या
7कार्तिकকার্তিকतुला
8अग्रहायणঅগ্রহায়ণवृश्चिक
9पौषপৌষधनु
10माघমাঘमकर
11फाल्गुनফাল্গুনकुंभ
12चैत्रচৈত্রमीन

दूसरे क्षेत्रीय कैलेंडर

रोज़ का पूरा पंचांग (योग, करण, राहु काल) आज का पंचांग में देखें, और अमावस्या, पूर्णिमा और ग्रहण की पूरी सूची भी।