सीधे सामग्री पर जाएँ

15+ वर्षों का अनुभव · अंक ज्योतिष, कुंडली और वास्तु · सातों दिन खुला

कॉल या WhatsApp करें +91 70573 19073

Namieta ModiGlow On Numerology

Popular calculators

Quick links

हिंदू त्योहार · श्री राम नवमी

राम नवमी 2027: तारीख और मध्याह्न पूजा मुहूर्त

राम नवमी चैत्र शुक्ल पक्ष की नवमी है, जिसे श्री राम के जन्म के दिन के रूप में मनाया जाता है। यह चैत्र नवरात्रि का आखिरी दिन भी है।

अगली तारीख: गुरुवार, 15 अप्रैल 2027

राम नवमी का समय

विवरण20272028
तारीखगुरुवार, 15 अप्रैल 2027सोमवार, 3 अप्रैल 2028
शुक्ल नवमी तिथि शुरू14 अप्रैल, 3:24 pm3 अप्रैल, 12:00 pm
शुक्ल नवमी तिथि समाप्त15 अप्रैल, 1:21 pm4 अप्रैल, 10:07 am
मध्याह्न (दोपहर) पूजा का समय10:58 am से 1:29 pm तक11:02 am से 1:31 pm तक

सभी समय IST में हैं। तिथि का समय पूरे भारत के लिए सही है; सूर्योदय, सूर्यास्त, चंद्रोदय और मुहूर्त नागपुर के लिए हैं, उत्तर और मध्य भारत की (पूर्णिमांत) परंपरा में। दूसरे शहर में ये कुछ मिनट आगे पीछे होंगे।

आम तौर पर कैसे मनाया जाता है

  • मुख्य पूजा परंपरा से मध्याह्न, यानी दिन के बीच के हिस्से में होती है।
  • कई मंदिरों में रामायण का पाठ होता है, और कई घरों में बाल राम के पालने के साथ सादी पूजा होती है।
  • कई लोग दोपहर तक या दिन भर व्रत रखते हैं, और कई शहरों में शोभा यात्रा निकलती है।

क्षेत्र के हिसाब से अंतर

ज़्यादातर भारत में यह एक ही दिन होती है। जिन सालों में नवमी दो दिन मध्याह्न में हो, उनमें कुछ वैष्णव कैलेंडर इसे एक दिन बाद रखते हैं। दक्षिण के कुछ हिस्सों में नवमी तक के नौ दिन श्री राम नवमी उत्सव के रूप में मनते हैं।

इस साइट के सभी नौ क्षेत्रीय कैलेंडर में जो इसे देते हैं, 2027 की तारीख यही है।

तारीख कैसे निकाली गई है

नियम: वह दिन जिसके मध्याह्न (दिन के बीच के पाँचवें हिस्से) में तिथि हो। अगर दो दिन ऐसे हों तो जिस दिन तिथि उस समय ज़्यादा देर हो, वह दिन; किसी दिन न हो तो जिस दिन तिथि शुरू हो। सूर्य और चंद्रमा की स्थिति हर साल के लिए निकाली जाती है (निरयण, लाहिड़ी अयनांश), इसलिए तारीखें छपी सूची से नहीं ली गईं।

राम नवमी के बारे में सवाल

2027 में राम नवमी कब है?

राम नवमी 2027 गुरुवार, 15 अप्रैल 2027 को है, और 2028 में सोमवार, 3 अप्रैल 2028 को। तारीखें नागपुर के लिए उत्तर और मध्य भारत की परंपरा से निकाली गई हैं; ऊपर की तालिका में तिथि और मुहूर्त का समय दिया है।

पूजा दोपहर में क्यों होती है?

परंपरा के अनुसार श्री राम का जन्म दोपहर में हुआ था, इसलिए वह दिन लिया जाता है जिसमें नवमी मध्याह्न (दिन के बीच का पाँचवाँ हिस्सा) में हो। तालिका का समय नागपुर में दिन का वही हिस्सा है।

क्या राम नवमी नवरात्रि का हिस्सा है?

हाँ। यह चैत्र नवरात्रि का नौवाँ दिन है, और कई परिवार राम नवमी की पूजा के बाद या अगले दिन नवरात्रि का व्रत खोलते हैं।

किसी दूसरे कैलेंडर में अलग तारीख क्यों दिखती है?

तिथि पूरे भारत में एक ही पल में शुरू और खत्म होती है, पर त्योहार का दिन इस पर निर्भर करता है कि दिन के किस समय (सूर्योदय, दोपहर, शाम या आधी रात) तिथि देखी जाती है, और किस शहर के सूर्योदय से। इसलिए अलग शहर या परंपरा का पंचांग एक दिन आगे पीछे हो सकता है। जो पंचांग आपका परिवार मानता है, वही मानें।

साथ में देखें

दूसरे त्योहार